पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र

पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र नवम्बर महीने के पहले पहले पक्ष में शिर पर आकाश में रात 9:00 से 11:00 बजे दिखाई देता है यह नक्षत्र 2 तारो से बना हुआ है इसका स्वरुप आकाश में वर्तुल जैसा दिखाई देता है कुम्भ राशि पूर्वा भाद्रपद – प्रथम, द्वितीय व तृतीय चरण - कुम्भ राशि 20 अंश से 30 अंश तक होता है मीन राशि, पूर्वा भाद्रपद – चतुर्थ चरण– मीन राशि, 0 अंश से 3 अंश 20 कला तक होता है

कुम्भ राशि पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र का स्वभाव:

कुम्भ राशि पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र में जन्म धारण करने वाला जातक का सच्चा, सत्यमार्गी एवं सत्यभाषी, ईमानदार, दार्शनिक, विश्वसनीय, निस्वार्थ, व्यवस्थाप्रिय, आशावादी परन्तु आलसी। astrologer , famous astrologer , best astrologer

मीन राशि पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र का स्वभाव:

मीन राशि, पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र में जन्म धारण करने वाला जातक का साहित्य, संगीत व कला में रुचि, नियमपालक astrologer , famous astrologer , best astrologer

कुम्भ राशि पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र व्यवसाय:

कुम्भ राशि पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र में जन्म धारण करने वाला जातक खगोलशास्त्र, गणित, ज्योतिष आदि का शिक्षण, स्थानीय निकाय, नगरपालिका, पंचायत निगम आदि, शेयर दलाल, अनुसंधानकर्ता, विदेशी विनिमय, अन्तर्राष्ट्रीय व्यापार, वित्त, राजस्व, टकसाल, सी० आई० डी० विभाग, उत्खनन, वायुयान, बीमा मन्दिर व दवाइयों आदि से सम्बन्धित व्यवसाय | astrologer , famous astrologer , best astrologer

मीन राशि पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र व्यवसाय:

मीन राशि, पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र में जन्म धारण करने वाला जातक शिक्षा प्राध्यापक, राजनयिक, मंत्री, सलाहकार, कानूनी शिक्षण, न्यायाधीश, अपराध विशेषज्ञ, वित्त विभाग, जेल, अस्पताल, अकाल राहत, आयोजन विभाग, पर्यटन, चिकित्सा, बैंक व विदेशी विनिमय से सम्बन्धित व्यवसाय |

इस पूर्वाभाद्रपद नक्षत्र की जानकारी वीडियो के रूप में देखें

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कुम्भ राशि पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र रोग:

कुम्भ राशि पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र में जन्म धारण करने वाला जातक के जीवनमें – न्यून रक्तचाप, टखनों में सूजन, दिल का आकार बढ़ जाना,जलशोथ।

मीन राशि पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र रोग:

मीन राशि, पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र में जन्म धारण करने वाला जातक के जीवनमें पैरों में सूजन, पैरों में गांठें, लीवर वृद्धि, आन्त्ररोग, हर्निया, पीलिया,

कुम्भ राशि पूर्वा भाद्रपद राशीश शनि,

मीन राशि, पूर्वा भाद्रपद राशीश गुरु

• नक्षत्र अंग – - पैर, अंगूठा । टखने • नक्षत्र वृक्ष आम है । • नक्षत्र तत्व - अग्नि • नक्षत्र रंग - यलो • नक्षत्र गणना - उग्र

• नक्षत्र स्वामी - गुरु । • नक्षत्र के देवता - अजैकचरण • नक्षत्र मंत्र - ॐ पूर्वप्रोष्ठपद्भ्यां नमः astrologer , famous astrologer , best astrologer

पूर्वा भाद्रा कुम्भ राशि

• वर्ण :सूद्र • वशय: मानव • योनि : सिंह • गण:मनुष्य • नाड़ी: आदि

पूर्वा भाद्रा मीन राशि

• वर्ण :विप्र • वशय:जलचर • योनि : सिंह • गण: मनुष्य • नाड़ी:आदि astrologer , famous astrologer , best astrologer

नक्षत्र साधना उपासना

कुम्भ राशि पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र के प्रथम, द्वितीय व तृतीय चरण - कुम्भ राशि चतुर्थ चरण– मीन राशि में आते है इस चरण के अनुशार साधना उपासना करने से अच्छा लाभ प्राप्त होता है astrologer , famous astrologer , best astrologer

प्रथम चरण का स्वामी: मंगल

मृत्युंज्जय मंत्र का जप और हवन , रविवार का उपवास astrologer , famous astrologer , best astrologer

द्वितीय चरण का स्वामी: शुक्र

गायत्री मंत्र जप , मृत्युंज्जय मंत्र जप और हवन astrologer , famous astrologer , best astrologer

तृतीय चरण का स्वामी: बुध

गणेश मंत्र जप और हवन astrologer , famous astrologer , best astrologer

चौथे चरण का स्वामी : चंद्र

विष्णु मंत्र जप

Special Tips:

पूर्वा भाद्रपद नक्षत्र में जन्म धारण करने वाले जातक को पुनर्वसु विशाखा – पूर्वाभाद्रपद - इन तीन नक्षत्र में कोई भी अच्छा कार्य नहीं करना चाहिए


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